परिवादियों को दस्तावेज उपलब्ध कराने के लिये जारी किये नोटिस
स्टेट क्रेडिट कोऑपरेटिव सोसायटियों द्वारा धोखाधड़ी का मामला

 

 

 जयपुर। रजिस्ट्रार, सहकारिता नरेश पाल गंगवार ने मंगलवार को बताया कि प्रदेश में स्टेट क्रेडिट कोऑपरेटिव सोसायटियों द्वारा निवेशकों से राशि निवेश कराये जाने के पश्चात् उन्हें वापिस नहीं लौटाये जाने पर केन्द्रीय अधिनियम ‘‘दि बैंनिंग ऑफ अनरेग्यूलेटेड डिपोजिट स्कीम एक्ट’’ को लागू किया जा चुका है। इस अधिनियम के तहत निवेशकों के हितों को सुरक्षित करने के लिये प्राप्त शिकायतों पर कार्यवाही करते हुये 10 परिवादियों को उनके पक्ष में दस्तावेज प्रस्तुत करने के लिये नोटिस जारी किये गये हैं।

 

 उन्होंने बताया कि परिवादी पक्ष एवं प्रस्तुत दस्तावेजों की जांच के आधार पर दोषी क्रेडिट कोऑपरेटिव सोसायटियों के विरूद्ध ‘‘दि बैंनिंग ऑफ अनरेग्यूलेटेड डिपोजिट स्कीम एक्ट’’ के प्रावधानों के तहत कार्यवाही की जायेगी। किसी भी सोसायटी को निवेशकों के हितों का अपहरण नहीं करने दिया जायेगा। उन्होंने बताया कि मल्टी स्टेट क्रेडिट कोऑपरेटिव सोसायटियों के संबंध में की जाने वाली कार्यवाही के लिये पत्रावली विधि विभाग को भिजवाई जा चुकी है।

 

 रजिस्ट्रार ने बताया कि विधिक मार्गदर्शन के पश्चात् मल्टी स्टेट क्रेडिट कोऑपरेटिव सोसायटी के खिलाफ प्राप्त हुई शिकायतों से निवेशकों के हितों को ध्यान में रखकर कार्यवाही की जायेगी।