प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना के तहत राजस्थान में 1.33 लाख युवाओं को रोज़गार मिला

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना के तहत राजस्थान में पिछले पाँच सालों में 1.33 लाख युवाओं को रोज़गार मिला है। सबसे अधिक रोज़गार 19,609 उम्मीदवारों को जयपुर ज़िले में मिला है जबकि झुंझुनू में 17824, हनुमानगढ़ में 12,663 और अलवर में 10,763 उम्मीदवारों को रोज़गार प्राप्त हुआ। यह जानकारी कौशल विकास और उद्यमिता राज्यमंत्री श्री आर के सिंह ने आज लोकसभा में श्री राहुल कसवां के प्रश्न के लिखित उत्तर में दी।


उन्होंने बताया कि जिन बड़ी कम्पनियों में इन उम्मीदवारों को रोज़गार हासिल हुआ है उसमें नेहा असोसिएट्स, लकी असोसिएट्स, ह्यूमन रिसोर्स एंड प्लेसमेंट सर्विसेस ,हेवल्स इंडिया लिमिटेड, एजीपी रिलोकेटर्स, यूनाइटेड टीम एचआर, रिलाएबल फर्स्ट, एडकोन प्राइवेट लिमिटेड, एम4 प्रोटेक्ट्स सर्विसेस, एल्लेना ऑटो इंडस्ट्रीज़ प्राइवेट लिमिटेड और जय श्री बायोटेक शामिल है। श्री सिंह ने बताया कि राजस्थान में इस योजना के तहत वर्ष 2016-2020 की अवधि में 3,14000 उम्मीदवारों को लघु अवधि का प्रशिक्षण दिया गया।


जसकौर मीना और निहाल चंद के एक प्रश्न के लिखित उत्तर में आर के सिंह ने बताया कि जन शिक्षण संस्थान के माध्यम से पिछले 2 सालों में 5 लाख 54 हज़ार अभ्यर्थियों का नामांकन किया गया है। दस्तकार प्रशिक्षण योजना के तहत वर्ष 2017 में बीकानेर में 1420 और गंगानगर ज़िले में 2175 लोगों को लाभान्वित किया गया। वर्ष 2018 में बीकानेर में 1566 और गंगानगर में 2765 लोगों को फ़ायदा पहुंचाया गया है।


सिंह ने बताया कि दीन दयाल उपाध्याय ग्रामीण कौशल योजना में गंगानगर में 888 लोगों को प्रशिक्षण दिया गया और 386 को रोज़गार प्राप्त हुआ। ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान की ओर से वर्ष 2017-2020 के दौरान गंगानगर में 2188 उम्मीदवारों को प्रशिक्षण दिया गया तथा 1835 को रोज़गार मिला।