सरकारी निर्देषों और एडवाइजरी की पालना पहली षर्त: एसीएस उद्योग

उद्यमों की अनुमति पर गुणावगुण के आधार पर होगा निर्णय

जयपुर। अतिरिक्त मुख्य सचिव उद्योग डॉ. सुबोध अग्रवाल ने बताया है कि औद्योगिक इकाइयों के निर्बाध संचालन के लिए उद्योग विभाग और रीको के अधिकारियों को आवष्यक पास, परमिट और अनुमति पत्र जारी करने के लिए जिला एवं राज्य स्तर पर प्राप्त आवेदनो का परीक्षण कर गुणावगुण के आधार पर निर्णय किया जा रहा है। वहीं स्वयं एसीएस उद्योग डॉ. सुबोध अग्रवाल, एमडी रीको आषुतोष पेडनेकर और आयुक्त उद्योग मुक्तानन्द अग्रवाल सीधे समन्वय बनाते हुए लगातार मोनेटरिंग कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अनुमति जारी करते समय पहली प्राथमिकता कोरोना वायरस के चलते जारी एडवाइजरी और निर्देषों की पालना सुनिष्चित तय करना है। राज्य स्तर पर 15 और जिला स्तर पर 104 इकाइयोें ने संपर्क किया है वहीं जिला स्तर पर श्रमिकों व कार्मिकों के 55 पास जारी किए गए हैं।



एसीएस उद्योग डॉ. सुबोध अग्रवाल ने बताया कि उद्योग विभाग द्वारा जारी आदेषों के अनुसार एक ही जिले मेें कार्यरत रीको अधिकृत क्षेत्रों के अतिरिक्त अन्य क्षेत्रों में स्थित औद्योगिक इकाइयों के लिए संबंधित महाप्रबंधक जिला उद्योग केन्द्र द्वारा पास, परमिट व अनुमति जारी की जाएगी वहीं एक ही जिले में कार्यरत रीको औद्योगिक क्षेत्र की इकाइयों के लिए रीको के क्षेत्रीय इकाई प्रमुख द्वारा यह अनुमतियां जारी की जाएगी। डॉ. अग्रवाल ने बताया कि महाप्रबंधक जिला उद्योग केन्द्रों को स्पष्ट निर्देष दे दिए गए हैं कि केन्द्र व राज्य सरकार की एडवाइजरी, निर्देष और विभाग द्वारा जारी निर्देषों सहित स्वास्थ मानकों व सोषियल डिस्टेंस की सख्ती से पालना सुनिष्चित की जाएं।



आयुक्त उद्योग मुक्तानन्द अग्रवाल ने बताया कि जिला स्तर पर महाप्रबंधक जिला उद्योग केन्द्रों व रीको औद्योगिक क्षेत्रों में वहां के प्रभारी अधिकारी को आवेदन किए जा रहे हैं। जिला स्तर की इकाइयों को स्थानीय स्तर पर ही अनुमति देने के निर्देष दिए गए है वहीं अन्य विनिर्माण या सेवा इकाइयो के लिए स्थानीय आवष्यकतानुसार अनुमति जरुरी होने पर जीएम डीआईसी की अभिषंषा के साथ जिला कलेक्टर के माध्यम से अतिरिक्त मुख्य सचिव उद्योग/प्रबंध निदेषक रीको द्वारा अनुमति जारी की जाएगी।