नरेगा में कृषि कार्यों को सम्मिलित करने से जिंसों की लागत मूल्य में कमी आएगी: सांसद दीयाकुमारी



कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर से दिल्ली में की मुलाकात, किसानों के हित में विभिन्न मांगों पर की वार्ता, सरकार ऐसे निर्णय तुरन्त ले जिसमें किसानों का हित हो

 

राजसमन्द। सांसद दिया कुमारी ने दिल्ली में केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर से मिलकर किसानों के कल्याण हेतु विभिन्न मुद्दों पर चर्चा करते हुए राजसमन्द संसदीय क्षेत्र की समस्याओं को विस्तार से रखा।

 

 सांसद ने कहा कि भारत कृषि प्रधान देश है और इस कोरोना काल में हमने कृषि की उपयोगिता और इसकी महत्वता को अच्छी तरह से परख लिया है। कृषि के क्षेत्र में विकास की गति को तेज किये बिना भारत की अर्थ व्यवस्था को ऊंचाई पर ले जाना मुश्किल है। सरकार को ऐसे निर्णय तुरन्त लेने चाहिए जिसमें किसानों का हित हो। 

 

केंद्रीय मंत्री से भेंट के दौरान सांसद दीयाकुमारी ने पांच प्रमुख मांगों पर चर्चा करते हुए कहा कि परिस्तिथियों को मद्देनजर रखते हुए चने व गेहूँ की सरकारी खरीद की सीमा बढ़ाई जाए, नरेगा कार्यों का विस्तार करते हुए इसमें कृषि कार्यों जैसे फसल कटाई, जुताई, निराई, सिंचाई, पशुपालन, जैविक खाद निर्माण आदि को नरेगा के तहत जोड़ा जाए जिससे कृषि जिंसों के लागत मूल्य में कमी लाई जा सके। अगर ऐसा होता है तो आने वाले समय में किसान और आम जनता को सीधा फायदा होगा।

 

सांसद ने टिड्डी दल के समाधान के लिए सरकारी प्रयासों में तेजी लाने के साथ साथ टिड्डी दल से प्रभावित किसानों को उचित मुआवजा दिया जाना चाहिए। जैतारण में घोषित नए कृषि विज्ञान केंद्र (केवीके) की  शीघ्र स्थापना कराने के साथ ही राजसमंद जिले को नेशनल हॉर्टिकल्चर मिशन में सम्मिलित कराने की मांग रखी। 

 

मीडिया संयोजक मधुप्रकाश लड्ढा ने बताया कि मुलाकात के दौरान केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने सांसद दीयाकुमारी को विश्वास दिलाया कि वे इन सुझावों को गम्भीरता से लेते हुए कोई सकारात्मक निर्णय पर पहुंचेंगे।